संयुक्त राष्ट्र महासभा में प्रधानमंत्री मोदी के स्थान पर जयशंकर करेंगे भारत का प्रतिनिधित्व
डोनाल्ड ट्रंप की टैरिफ नीति से प्रभावित भारत-अमेरिका संबंध
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस महीने न्यूयॉर्क में होने वाले संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 80वें सत्र में शामिल न होने का निर्णय लिया है। उनके स्थान पर विदेश मंत्री एस जयशंकर भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। इस निर्णय के पीछे भारत और अमेरिका के बीच बिगड़ते व्यापारिक रिश्तों को मुख्य कारण बताया जा रहा है।
टैरिफ विवाद और भारत पर असर
डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने रूस से सस्ते तेल खरीदने के कारण भारत पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाया है, जिससे व्यापारिक रिश्तों में तनाव बढ़ा है। भारत को अब अमेरिका में अपना सामान भेजने पर 50 प्रतिशत टैक्स चुकाना पड़ता है। व्यापार वार्ता में प्रगति की कोई संभावना न होने के कारण प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी यात्रा रद्द कर दी।
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भी जयशंकर की भागीदारी
विदेश मंत्री एस जयशंकर अगले सप्ताह ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा द्वारा आयोजित ब्रिक्स समूह के वर्चुअल शिखर सम्मेलन में भी भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। इस बैठक का उद्देश्य ट्रंप प्रशासन की टैरिफ नीतियों के प्रभावों पर चर्चा करना और एक साझा दृष्टिकोण तैयार करना है।
भारत का यह कदम अमेरिका के साथ व्यापारिक मुद्दों को सुलझाने की नई रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। आने वाले समय में यह देखना होगा कि दोनों देशों के संबंध किस दिशा में आगे बढ़ते हैं।