चीन ने फिर अरुणाचल प्रदेश को अपना बताया, भारतीय महिला से बदसलूकी के आरोपों पर सफाई
अरुणाचल प्रदेश पर विवाद
चीन ने एक बार फिर अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताते हुए भारत के कब्जे को अवैध करार दिया। चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने कहा कि जांगनान (अरुणाचल प्रदेश) चीन का हिस्सा है और चीन ने इसे भारत के राज्य के तौर पर कभी मान्यता नहीं दी। चीन अरुणाचल को ‘दक्षिण तिब्बत’ का हिस्सा मानता है और दावा करता है कि भारत ने उसके तिब्बती इलाके पर कब्जा किया है।
भारतीय महिला से दुर्व्यवहार का मामला
चीन ने भारतीय मूल की महिला पेम वांगजॉम थांगडॉक के साथ शंघाई एयरपोर्ट पर बदसलूकी के आरोपों को नकार दिया। पेम ने आरोप लगाया था कि उनके पासपोर्ट को अवैध बताया गया, क्योंकि उसमें जन्मस्थान अरुणाचल प्रदेश लिखा था। चीनी प्रवक्ता ने कहा कि महिला के साथ कोई जबरदस्ती या दुर्व्यवहार नहीं हुआ और एयरलाइन ने उन्हें आराम, पानी और खाने की सुविधा दी।
महिला की शिकायत
पेम का कहना है कि उनका पासपोर्ट जब्त कर लिया गया और उन्हें जापान जाने की फ्लाइट में चढ़ने नहीं दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि चीनी अधिकारियों ने उनके साथ मजाक उड़ाया और उन्हें चीनी पासपोर्ट के लिए अप्लाई करने की सलाह दी। भारतीय दूतावास की मदद से वह शंघाई से बाहर निकल सकीं। उन्होंने भारतीय सरकार से इस मुद्दे को बीजिंग के सामने उठाने की मांग की।
चीन का अरुणाचल पर दावा
चीन ने मई 2023 में अरुणाचल प्रदेश की 27 जगहों के नाम बदले थे। उसने पिछले 8 सालों में अरुणाचल की 90 से ज्यादा जगहों के नाम बदले हैं। भारत ने चीन की इस हरकत को मूर्खतापूर्ण बताते हुए अरुणाचल को भारत का अटूट हिस्सा कहा। चीन हर बार भारत के बढ़ते अंतरराष्ट्रीय प्रभाव के समय अरुणाचल पर दावा जताने की कोशिश करता है।
Satyam Tripathi