किसान की कॉलर पकड़ने पर तहसीलदार सस्पेंड, रीवा कमिश्नर ने की कार्रवाई

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किसान की कॉलर पकड़ने  पर तहसीलदार सस्पेंड,  रीवा कमिश्नर  ने की कार्रवाई

किसान से बदसलूकी पर तहसीलदार सस्पेंड

मध्य प्रदेश के मऊगंज जिले में तहसीलदार बीके पटेल को किसानों के साथ अभद्र व्यवहार के आरोपों के चलते रीवा कमिश्नर बीएस जामोद ने सस्पेंड कर दिया है। यह घटना 25 सितंबर को उप तहसील देवतालाब के गनिगमा गांव में हुई थी, जिसका वीडियो हाल ही में वायरल हुआ।

जमीन विवाद से जुड़ा मामला

गनिगमा गांव में दो प्रजापति परिवारों के बीच जमीन का विवाद था। कोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन जमीन का कब्जा दिलाने पहुंचा था। इसी दौरान तहसीलदार बीके पटेल ने किसान सुषमेश पांडे की कॉलर पकड़कर उनसे झूमाझटकी की। वीडियो में तहसीलदार का बर्ताव साफ नजर आया, जिसमें उन्होंने किसान से कहा, "कौन है तू? बकवास मत करना।" इस घटना के बाद किसान कौशलेश प्रजापति ने भी तहसीलदार पर गाली-गलौज का आरोप लगाया।

तहसीलदार ने दी सफाई

वीडियो के वायरल होने के बाद तहसीलदार बीके पटेल ने इसे भ्रामक और एडिटेड बताया। उनका कहना था कि कोर्ट के आदेश का पालन करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने दावा किया कि घटना के समय उन्हें लोगों ने लोहे की सब्बल से धमकाया और मारपीट की कोशिश की, जिसके चलते स्थिति बिगड़ी।

जांच के आदेश और प्रशासनिक कार्रवाई

रीवा कमिश्नर बीएस जामोद ने मामले का संज्ञान लेते हुए तहसीलदार को सस्पेंड कर दिया। कलेक्टर संजय कुमार ने बताया कि जांच के लिए अतिरिक्त जिलाधिकारी (एडीएम) को जिम्मेदारी सौंपी गई है। एडीएम को निर्देश दिया गया है कि वे रविवार तक अपनी रिपोर्ट पेश करें।

पहले भी विवादों में रहे तहसीलदार

तहसीलदार बीके पटेल पहले भी विवादों में रहे हैं। उन पर अधिवक्ताओं के साथ अभद्र व्यवहार करने और आरटीआई के तहत गलत जानकारी देने के आरोप लग चुके हैं। इस घटना से पहले भी उनकी कार्यशैली को लेकर सवाल उठाए गए थे।

गृह जिले में पदस्थ होने पर सवाल

प्रजापति परिवार ने आरोप लगाया कि तहसीलदार पटेल मऊगंज जिले के निवासी हैं। नियमों के अनुसार, किसी अधिकारी को उसके गृह जिले में पदस्थ नहीं किया जाना चाहिए ताकि निष्पक्षता बनी रहे। तहसीलदार का परिवार नई गढ़ी में रहता है।

सीएम के निर्देश पर कार्रवाई

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस मामले में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए थे। प्रशासन का कहना है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।