मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने प्रमोशन में आरक्षण पर मांगा स्पष्टीकरण
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में प्रमोशन में आरक्षण को लेकर सुनवाई हुई, जिसमें राज्य सरकार ने क्वांटिफायबल डेटा और कर्मचारियों के आंकड़े सीलबंद लिफाफे में पेश किए। हाईकोर्ट ने राज्य सरकार द्वारा प्रस्तुत जवाब पर असंतोष जताया।
प्रमोशन पॉलिसी पर सरकार से मांगा स्पष्टीकरण
चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की डिवीजन बेंच ने राज्य सरकार को निर्देश दिए कि वह सभी विभागों का एकीकृत चार्ट कोर्ट में पेश करे। इसमें प्रत्येक विभाग में आरक्षित वर्ग का वर्तमान प्रतिनिधित्व दिखाना होगा। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह कार्य केवल आंकड़ों का संग्रह नहीं बल्कि सही नियमों पर आधारित गणना होनी चाहिए।
याचिकाकर्ता ने क्रीमी लेयर और डेटा पर उठाए सवाल
याचिकाकर्ता की ओर से सुप्रीम कोर्ट के सीनियर एडवोकेट नरेश कौशिक ने कोर्ट में आरोप लगाया कि राज्य सरकार क्रीमी लेयर और क्वांटिफायबल डेटा पर जवाब नहीं दे रही है। मामले की अगली सुनवाई जल्द होगी।
Pushpendra Chaubey