मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिया 15 महीने का एक्शन प्लान

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मुख्यमंत्री मोहन यादव  ने दिया 15 महीने का  एक्शन प्लान

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दिया 15 महीने का एक्शन प्लान

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया, जिसमें प्रदेश के अधिकारियों को 15 महीने का एक्शन प्लान दिया गया। इस प्लान का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के सभी शहरों को अतिक्रमण मुक्त करना और आत्मनिर्भर विकास की दिशा में ठोस कदम उठाना है। बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिया कि अगली दीपावली तक प्रदेश के सभी 110 नगरीय निकाय लीगेसी वेस्ट से मुक्त हो जाएं।

आर्थिक और औद्योगिक संभावनाओं पर जोर

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को हर जिले की आर्थिक और औद्योगिक संभावनाओं का गहराई से अध्ययन करने और आत्मनिर्भरता के लिए एक्शन प्लान तैयार करने को कहा। उन्होंने अनुपयोगी जमीनों की पहचान कर लैंड बैंक बनाने और औद्योगिक उपयोग वाली जमीनों को अतिक्रमण से मुक्त कराने की बात कही।

प्रधानमंत्री आवास योजना और ग्रामीण विकास

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लंबित कार्यों को जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए। ग्रामीण क्षेत्रों में फूड प्रोसेसिंग को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यटन को रोजगार से जोड़ने के लिए नवाचार की संभावनाओं पर काम करने की बात कही।

मैराथन बैठक में सीएम की सक्रिय भागीदारी

यह मैराथन बैठक 9 घंटे तक चली और मुख्यमंत्री हर सत्र में मौजूद रहे। उन्होंने अधिकारियों से फीडबैक लिया और 6 महीने बाद प्रगति की समीक्षा करने की घोषणा की।

पुराने मिल विवाद और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा

मुख्यमंत्री ने इंदौर की हुकुमचंद मिल का उदाहरण देते हुए रतलाम, ग्वालियर और मुरैना जैसी जगहों पर पुराने मिल विवादों को सुलझाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सेल्फ हेल्प ग्रुप को एमएसएमई के साथ जोड़कर स्थानीय उत्पादों को बाजार दिलाने पर काम किया जाए।

जिलों के प्रदर्शन पर समीक्षा

कांफ्रेंस में कलेक्टरों का रिपोर्ट कार्ड पेश किया गया और टॉप-5 और बॉटम-5 जिलों के प्रदर्शन पर चर्चा हुई। गुना कलेक्टर किशोर कान्याल ने गुलाब की खेती में किसानों के नवाचार पर प्रकाश डाला, जबकि सिवनी कलेक्टर संस्कृति जैन ने ‘गिफ्ट-अ-डेस्क’ अभियान में मिली 14 हजार कुर्सियों की जानकारी दी।

इस बैठक का उद्देश्य प्रदेश के समग्र विकास के लिए ठोस कदम उठाना और योजनाओं की प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना था।