राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू कैंची धाम पहुंचीं
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू नैनीताल के प्रसिद्ध बाबा नीम करौली के कैंची धाम पहुंचीं। यह पहली बार है जब किसी राष्ट्रपति ने इस धार्मिक स्थल का दौरा किया। उनकी यात्रा के दौरान मंदिर को सुबह छह बजे से दोपहर 12 बजे तक आम श्रद्धालुओं के लिए बंद रखा गया।
नयना देवी मंदिर में पूजा
इससे पहले, राष्ट्रपति ने शक्तिपीठ मां नयना देवी मंदिर में पूजा-अर्चना की और राष्ट्र की सुख, शांति और खुशहाली की कामना की। पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। नैनीताल के एसएसपी ने पूरे क्षेत्र को रेड जोन घोषित करते हुए 1500 से अधिक सुरक्षा कर्मियों की तैनाती सुनिश्चित की।
कुमाऊं विश्वविद्यालय का दीक्षांत समारोह
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज कुमाऊं विश्वविद्यालय के 51वें स्थापना वर्ष के दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि होंगी। वे समारोह में 20 विद्यार्थियों को गोल्ड मेडल प्रदान करेंगी। यह पहली बार है जब देश की प्रथम नागरिक इस समारोह में भाग लेंगी। कुलपति प्रोफेसर डी.एस. रावत ने इसे विश्वविद्यालय के लिए ऐतिहासिक अवसर बताया।
राजभवन की 125वीं वर्षगांठ
राष्ट्रपति ने बीते शाम नैनीताल के राजभवन की 125वीं वर्षगांठ कार्यक्रम में भी भाग लिया। इस अवसर पर उत्तराखंड की लोक संस्कृति और परंपराओं पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं। राजभवन की ऐतिहासिक विरासत पर आधारित एक लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई।
संवैधानिक और सांस्कृतिक दृष्टिकोण
राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में राजभवन को लोकतांत्रिक व्यवस्था का प्रतीक बताया। उन्होंने राज्यपाल कार्यालय से जुड़े सभी सदस्यों को सरलता, विनम्रता और नैतिकता का पालन करने की प्रेरणा दी। उन्होंने उत्तराखंड की प्रगति और समृद्धि की सराहना की और राज्य के नागरिकों को प्रेरित करने की बात कही।
Vivek Singh