भोपाल में विजय राजपूत की हत्या पर हिंदू संगठनों का प्रदर्शन, सख्त कार्रवाई की मांग
राजधानी भोपाल के अशोका गार्डन इलाके में 35 वर्षीय विजय राजपूत मेवाड़ (बिट्टू) की हत्या के विरोध में बुधवार को हिंदू संगठनों के लोग सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने आरोपी के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) लगाने और उसके अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाने की मांग की।
मुख्यमंत्री निवास की ओर कूच, पुलिस ने रोका
सकल हिंदू समाज के आह्वान पर हिंदू उत्सव समिति और बजरंग दल सहित विभिन्न संगठनों के प्रदर्शनकारियों ने रोशनपुरा चौराहे पर लगी बैरिकेडिंग तोड़ दी। इसके बाद वे मुख्यमंत्री निवास की ओर बढ़ने लगे और पॉलिटेक्निक चौराहे तक पहुंच गए, जो मुख्यमंत्री निवास से केवल 100 मीटर दूर है। भारी पुलिस बल ने यहां मोर्चा संभाल रखा था और प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। एसीपी मयूर खंडेलवाल के अनुसार, लगभग 100 से 150 लोग इकट्ठा हुए थे जिन्हें बाद में तितर-बितर कर दिया गया। इस प्रदर्शन में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
क्या है हत्या का मामला?
रविवार रात अशोका गार्डन इलाके में विजय राजपूत पर चाकू से हमला कर उनकी हत्या कर दी गई थी। बताया जा रहा है कि विजय ने आरोपियों को 'बेटा' कहकर समझाने की कोशिश की थी, जिसके बाद उन पर हमला किया गया। सोमवार सुबह मृतक के परिजनों और स्थानीय लोगों ने सुभाष कॉलोनी में चक्काजाम कर दिया था और बाद में थाना परिसर में भी हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं के साथ विरोध प्रदर्शन किया। इस मामले में मुख्य आरोपी आसिफ उर्फ बम है, जिसकी तलाश पुलिस द्वारा की जा रही है। तीन अन्य संदिग्ध, फरमान, कालू और इमरान को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
मंत्री विश्वास सारंग ने परिजनों से मुलाकात की
मंगलवार रात को मंत्री विश्वास सारंग ने मृतक विजय के घर जाकर उनके परिजनों से मुलाकात की और उन्हें ढांढस बंधाया। सारंग ने घटना को 'वीभत्स' बताते हुए कहा कि हत्यारे को फांसी की सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने पुलिस प्रशासन को सख्त से सख्त कार्रवाई के निर्देश देने की बात कही और घोषणा की कि दोषियों के अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाया जाएगा। मंत्री ने विजय की दोनों बेटियों की पढ़ाई की जिम्मेदारी लेने और उनकी पत्नी के लिए रोजगार की व्यवस्था करने का भी आश्वासन दिया।
L. N. Bhargava