ग्वालियर में एलिवेटेड रोड पर ज्योतिरादित्य सिंधिया की अनोखी दौड़ , बाद में विकास कार्यों की समीक्षा

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ग्वालियर में  एलिवेटेड रोड  पर  ज्योतिरादित्य सिंधिया  की  अनोखी दौड़ , बाद में  विकास कार्यों  की  समीक्षा

ग्वालियर में ज्योतिरादित्य सिंधिया का अनोखा अंदाज: एलिवेटेड रोड पर दौड़ और विकास कार्यों की समीक्षा

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया सोमवार को ग्वालियर में एलिवेटेड रोड के निरीक्षण के दौरान एक अलग अंदाज में नजर आए। वे हजीरा लूप से एलिवेटेड रोड (फेज-1) पर पहुंचे और करीब 200 मीटर तक दौड़ लगाई। उनके अचानक दौड़ने से साथ मौजूद मंत्री, अधिकारी और सुरक्षाकर्मी भी उनके पीछे दौड़ पड़े।

निरीक्षण के दौरान सिंधिया का दौड़ना

एलिवेटेड रोड पर निरीक्षण करते हुए सिंधिया ने देखा कि उनके साथ चल रहे लोग थक रहे हैं। इस पर उन्होंने कहा, “इतनी जल्दी थक जाते हो” और खुद दौड़ने लगे। उनके दौड़ते ही मध्यप्रदेश सरकार के मंत्री तुलसी सिलावट और ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर समेत प्रशासनिक अधिकारी और पुलिसकर्मी भी उनके पीछे दौड़ पड़े। सिंधिया को इस रोड पर दौड़ने वाला पहला व्यक्ति भी बताया जा रहा है, और उनके इस दौड़ते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर काफी सामने आए हैं।

करोड़ों के प्रोजेक्ट्स की समीक्षा बैठक

एलिवेटेड रोड के निरीक्षण के बाद, सिंधिया ने कलेक्ट्रेट में अधिकारियों के साथ बैठक कर करोड़ों रुपए के विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने प्रोजेक्ट्स की प्रगति पर सवाल उठाए और काम में देरी पर अपनी नाराजगी व्यक्त की।

सांसद की अनुपस्थिति और राजनीतिक चर्चा

इस महत्वपूर्ण बैठक में ग्वालियर के सांसद भारत सिंह कुशवाह शामिल नहीं हुए, जिससे राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गईं। उनके अनुपस्थित रहने को लेकर भाजपा के अंदर गुटबाजी के कयास लगाए जा रहे हैं। बैठक में शामिल न होने पर सांसद कुशवाह ने स्पष्ट किया कि समीक्षा बैठकें चलती रहती हैं और जनप्रतिनिधि भी समय-समय पर समीक्षा करते हैं। उन्होंने जोर दिया कि प्राथमिकता विकास कार्यों को समय पर पूरा करना है।

सिंधिया का विकास रोडमैप और चेतावनी

सिंधिया ने कहा कि ग्वालियर के विकास के लिए पूरा रोडमैप तैयार है, जिसमें चंबल से पानी लाने की योजना, एलिवेटेड रोड और रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण जैसे महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट शामिल हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

कांग्रेस विधायक ने भी उठाया सवाल

कांग्रेस विधायक साहब सिंह गुर्जर ने इस मामले पर कहा कि उन्हें यह जानकारी नहीं है कि सांसद को बैठक में बुलाया गया था या नहीं, लेकिन जब शहर के विकास की समीक्षा हो रही हो तो सभी जनप्रतिनिधियों को इसमें शामिल होना चाहिए।

कुल मिलाकर, इस पूरे घटनाक्रम में एक ओर जहां ज्योतिरादित्य सिंधिया का अलग अंदाज चर्चा का विषय बना रहा, वहीं दूसरी ओर समीक्षा बैठक से सांसद की अनुपस्थिति ने स्थानीय राजनीति में हलचल बढ़ा दी है।

Sharad Shrivastava