कैलाश विजयवर्गीय के बयान से विवाद, कांग्रेस ने किया प्रदर्शन

· 1 min read
कैलाश विजयवर्गीय के बयान से विवाद, कांग्रेस ने किया प्रदर्शन

कैलाश विजयवर्गीय के बयान से विवाद, कांग्रेस ने किया प्रदर्शन

मध्य प्रदेश के नगरीय एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा दिए गए एक बयान ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। उन्होंने अपने भाषण में विदेशी संस्कृतियों और भारतीय मूल्यों की तुलना करते हुए एक टिप्पणी की, जिसे कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने भारतीय संस्कृति और परंपराओं का अपमान बताया।

क्या कहा विजयवर्गीय ने?

गुरुवार को शाजापुर में एक कार्यक्रम के दौरान कैलाश विजयवर्गीय ने कहा, "आज के हमारे प्रतिपक्ष के नेता ऐसे हैं कि अपनी जवान बहन को बीच चौराहे पर चुंबन करते हैं। मैं आपसे पूछता हूं कि आप में से कौन अपनी बहन-बेटी को सार्वजनिक स्थान पर चुंबन करता है? यह विदेशी संस्कारों का प्रभाव है।" उन्होंने यह भी कहा कि वह भारतीय और विदेशी संस्कृतियों की तुलना कर रहे थे और उनके बयान को गलत संदर्भ में लिया गया है।

कांग्रेस का विरोध और प्रदर्शन

कैलाश विजयवर्गीय के इस बयान के बाद कांग्रेस ने इसे भारतीय संस्कृति और परंपराओं के खिलाफ बताते हुए राज्य के विभिन्न हिस्सों में विरोध प्रदर्शन किया। भोपाल, इंदौर, और सतना जैसे शहरों में प्रदर्शनकारियों ने मंत्री का पुतला फूंका और उनके इस्तीफे की मांग की। भोपाल में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मंत्री के घर का घेराव किया और उनके पोस्टर पर गंगाजल छिड़ककर 'शुद्धिकरण' किया।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा, "कैलाश विजयवर्गीय ने जो टिप्पणी की है, वह न केवल भारतीय संस्कृति बल्कि भाई-बहन के पवित्र रिश्ते पर भी हमला है। ऐसे विकृत मानसिकता वाले मंत्री का इस्तीफा होना चाहिए।"

विजयवर्गीय ने दी सफाई

विवाद के बढ़ने के बाद मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने अपने बयान पर सफाई दी। उन्होंने कहा, "मैं किसी रिश्ते की पवित्रता पर सवाल नहीं उठा रहा हूं। मैंने केवल भारतीय और विदेशी संस्कृतियों के अंतर की बात की है। मेरे बयान का एक हिस्सा निकालकर विवाद खड़ा किया गया है।" उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय संस्कृति में रिश्तों की एक मर्यादा होती है और वे उसी का सम्मान करते हैं।

बीजेपी के अन्य नेताओं का समर्थन

जनजातीय कार्य मंत्री विजय शाह ने भी कैलाश विजयवर्गीय का समर्थन करते हुए कहा, "हमारी संस्कृति सार्वजनिक रूप से इस तरह के व्यवहार को प्रोत्साहित नहीं करती। हमें अपने रीति-रिवाजों और परंपराओं का पालन करना चाहिए।" उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय सभ्यता इस तरह के सार्वजनिक व्यवहार को स्वीकार नहीं करती।

कांग्रेस नेताओं की तीखी प्रतिक्रिया

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सज्जन सिंह वर्मा ने इंदौर में प्रदर्शन के दौरान कहा कि यदि कैलाश विजयवर्गीय महिलाओं के सामने होते, तो वे उन्हें आग लगा देतीं। वर्मा ने आरोप लगाया कि बीजेपी नेता भाई-बहन के पवित्र रिश्ते को कलंकित कर रहे हैं।

सतना में झड़प, पुलिसकर्मी घायल

सतना में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच झड़प हो गई। प्रदर्शन के दौरान एक पुलिसकर्मी घायल हो गया और उसे अस्पताल ले जाना पड़ा। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन का भी इस्तेमाल किया।

निष्कर्ष

कैलाश विजयवर्गीय के बयान ने भारतीय राजनीति में एक बार फिर संस्कृति और परंपरा पर बहस छेड़ दी है। जहां बीजेपी नेताओं ने इसे भारतीय संस्कारों की रक्षा की बात बताई, वहीं कांग्रेस ने इसे महिलाओं और परंपराओं का अपमान करार दिया। आने वाले दिनों में यह मुद्दा और भी राजनीतिक गर्मी पैदा कर सकता है।