मध्य प्रदेश में गेहूं सरकारी खरीदी के हाल: स्लॉट बुकिंग नहीं हो रही, किसान परेशान; CM के औचक निरीक्षण से हलचल बढ़ी
किसानों को हो रही परेशानी
मध्य प्रदेश में अब तक करीब 5 लाख किसानों से 20 लाख से ज्यादा टन गेहूं समर्थन मूल्य पर खरीदा जा चुका है। वहीं, किसान 9 मई तक स्लॉट बुकिंग करा सकेंगे। पहले यह अवधि 30 अप्रैल तक ही थी। हालांकि, स्लॉट बुकिंग में ही किसानों के पसीने छूट रहे हैं, क्योंकि सर्वर धीमा होने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
मुख्यमंत्री का औचक निरीक्षण
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव खुद इस मामले में सक्रिय हुए हैं। गुरुवार को उन्होंने खरगोन, शाजापुर समेत कई जगहों के गेहूं खरीदी केंद्र का निरीक्षण किया। इसके बावजूद भोपाल, इंदौर, उज्जैन, सीहोर, जबलपुर, ग्वालियर, विदिशा, रायसेन समेत कई जिलों के केंद्रों पर किसान अपना गेहूं बेचने के लिए परेशान हो रहे हैं।
स्लॉट बुकिंग बढ़ाई, पर सर्वर धीमा
खरीदी केंद्रों पर गेहूं विक्रय के लिए स्लॉट की बुकिंग की क्षमता 1000 क्विंटल से बढ़ाकर 2250 क्विंटल प्रतिदिन कर दी गई है। वहीं, तौल कांटों की संख्या 4 से बढ़ाकर 6 कर दी गई है। इन सुधारों के बावजूद सर्वर धीमा होने के कारण किसानों की परेशानी बनी हुई है।
इस बार 100 टन गेहूं खरीदने का लक्ष्य
सरकार ने पिछले साल करीब 77 लाख टन गेहूं खरीदा था। इस बार यह लक्ष्य 100 टन निर्धारित किया गया है। किसानों की सुविधा के लिए खरीदी के लिए प्रत्येक शनिवार को भी स्लॉट बुकिंग एवं खरीदी का काम जारी रहेगा। अभी तक प्रदेश में समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन के लिए 9.60 लाख किसानों ने 57.75 टन गेहूं के विक्रय के लिए स्लॉट बुक किए जा चुके हैं।
किसानों के लिए सुविधाओं का दावा
किसानों को समर्थन मूल्य पर गेहूं विक्रय में किसी प्रकार की परेशानी न हो एवं उपज विक्रय के लिए इंतजार न करना पड़े, इसके लिए किसानों को जिले के किसी भी उपार्जन केंद्र पर उपज विक्रय करने की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। उपार्जन केंद्र पर किसानों की सुविधा के लिए पीने का पानी, बैठने के लिए छायादार स्थान, जन सुविधाएं आदि की व्यवस्थाएं की गई हैं। इस बार किसानों से 2585 रुपए प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य एवं राज्य सरकार ने 40 रुपए प्रति क्विंटल बोनस राशि सहित 2625 रुपए प्रति क्विंटल की दर से गेहूं का उपार्जन किया जा रहा है।
Satyam Tripathi