मध्यप्रदेश में कोहरा और सर्दी का प्रकोप, नौगांव सबसे ठंडा
मध्यप्रदेश के ज्यादातर हिस्से इन दिनों घने कोहरे और कड़ाके की ठंड की चपेट में हैं। रविवार की सुबह भोपाल, इंदौर और उज्जैन में कोहरा इतना घना था कि करीब 50 मीटर की दूरी के बाद दृश्यता खत्म जैसी स्थिति रही। छतरपुर जिले का नौगांव इस दौरान राज्य का सबसे ठंडा स्थान दर्ज किया गया।
नौगांव में तापमान 2.5 डिग्री, एक रात में 8.3 डिग्री की गिरावट
छतरपुर जिले के नौगांव में बीती रात न्यूनतम तापमान 2.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। यहां तापमान में एक ही रात में 8.3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई, जिससे सर्दी और अधिक तेज हो गई। ठंडी हवाओं के कारण क्षेत्र में शीतलहर जैसे हालात महसूस किए जा रहे हैं।
कई शहरों में घना कोहरा, दिन में भी तेज सर्दी
नर्मदापुरम, बालाघाट, ग्वालियर, रतलाम, दतिया, धार, गुना, रायसेन, राजगढ़, दमोह, जबलपुर, खजुराहो, सागर, सतना, श्योपुर, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर और रीवा समेत कई जिलों में भी कोहरे की परत छाई रही। इससे पहले शनिवार को भी भोपाल में पूरे दिन घना कोहरा बना रहा और प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी इसका असर देखा गया, जिसके कारण दिन में भी तेज ठंड का अहसास हुआ।
दिल्ली रूट की ट्रेनें प्रभावित, समय से लेट
घने कोहरे की वजह से रेल यातायात पर भी असर दिखाई दिया है। दिल्ली से आने वाली कई ट्रेनों की टाइमिंग प्रभावित हुई है। मालवा, सचखंड और शताब्दी सहित कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से लेट चल रही हैं, जिससे यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
कई शहरों में पारा 10 डिग्री से नीचे
राज्य के विभिन्न शहरों में तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। राजगढ़ में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री, दतिया में 5.1 डिग्री, पचमढ़ी में 6.4 डिग्री, शिवपुरी में 7 डिग्री, रतलाम में 7.4 डिग्री, श्योपुर और मंडला में 7.6 डिग्री, खजुराहो में 8 डिग्री, खंडवा में 9 डिग्री, गुना में 9.1 डिग्री, धार में 9.2 डिग्री और उमरिया में 9.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
बड़े शहरों में ग्वालियर सबसे ठंडा
प्रदेश के पांच बड़े शहरों में ग्वालियर सबसे ठंडा रहा, जहां तापमान 6.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। भोपाल में न्यूनतम तापमान 10.8 डिग्री, इंदौर में 11.8 डिग्री, उज्जैन में 11.4 डिग्री और जबलपुर में 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इस बीच, 11 शहरों में दिन का तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे ही रहा, जिससे ठंड का असर और अधिक महसूस किया गया।
निष्कर्ष
लगातार गिरते तापमान और घने कोहरे के कारण मध्यप्रदेश में सर्दी का प्रभाव तेज हो गया है। दृश्यता में कमी के कारण यातायात और रेल सेवाओं पर असर पड़ा है, जबकि नौगांव और ग्वालियर जैसे शहर ठंड के केंद्र बनकर उभरे हैं।
Vivek Singh