सैमसन और वैभव की 18 महीने की यात्रा: आईपीएल से टीम इंडिया की ओपनिंग तक
करीब 18 महीने पहले राजस्थान रॉयल्स में संजू सैमसन कप्तान थे और 14 साल के वैभव सूर्यवंशी को सैमसन की चोट के बाद आईपीएल 2025 में मौका मिला। वैभव ने अपने तीसरे ही मैच में शतक जड़ दिया। सैमसन की वापसी के बाद भी वैभव ओपनिंग करते रहे और सैमसन खुद नंबर-3 पर बल्लेबाजी करने उतरे।
आईपीएल 2026 और टी-20 वर्ल्ड कप में प्रदर्शन
आईपीएल 2026 में 15 साल के वैभव ने 776 रन बनाए, औसत 48.5 और स्ट्राइक रेट 237.3 रहा और वे ऑरेंज कैप विजेता बने। इसी प्रदर्शन के आधार पर उन्हें भारतीय टी-20 सेटअप में शामिल किया गया। दूसरी ओर सैमसन ने 2026 टी-20 वर्ल्ड कप में शुरुआती मैचों से बाहर रहने के बाद वापसी की और सेमीफाइनल में नाबाद 97 तथा फाइनल में 89 रन बनाए। भारत ने खिताब जीता और सैमसन प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुने गए।
इंग्लैंड, जिम्बाब्वे और अफगानिस्तान सीरीज का घटनाक्रम
वर्ल्ड कप के बाद सैमसन की पारियां आयरलैंड के खिलाफ 5 और 0 रहीं, इंग्लैंड के खिलाफ भी शुरुआत में वे नहीं चले। तब टीम मैनेजमेंट ने वैभव को मौका दिया। वैभव ने इंग्लैंड में अपने पहले तीन टी-20 अंतरराष्ट्रीय में 14, 13 और 15 रन बनाए। सैमसन अंतिम टी-20 के लिए लौटे और 27 गेंदों पर 14 रन बनाए। इसके बाद सैमसन को जिम्बाब्वे दौरे से आराम दिया गया और वैभव को लगातार मौके मिले। जिम्बाब्वे में वैभव ने तीन पारियों में 151 रन बनाए, दो अर्धशतक लगाए और प्लेयर ऑफ द सीरीज चुने गए।
अफगानिस्तान सीरीज में पहले टी-20 में सैमसन को ओपनिंग मिली लेकिन वे 8 गेंद पर 10 रन बनाकर आउट हुए, जबकि अभिषेक शर्मा ने 32 गेंद पर 82 रन बनाए। दूसरे टी-20 में सैमसन और अभिषेक फिर ओपनिंग करने उतरे। सैमसन ने 22 गेंद पर 57 रन बनाए और भारत ने 160 रन का लक्ष्य 14.5 ओवर में हासिल कर सीरीज 2-0 से जीत ली।
सैमसन ने कहा कि बाहर से देखने वालों को प्रतिस्पर्धा लग सकती है लेकिन टीम के अंदर खिलाड़ी एक-दूसरे के खिलाफ नहीं हैं, प्राथमिकता भारत को मैच जिताना है। उन्होंने आलोचना पर कहा कि इसका असर होता है, खिलाड़ी मशीन नहीं हैं, अनुभव के साथ शोर को खेल पर हावी नहीं होने देना सीखा। वैभव पर सैमसन ने कहा कि 15 साल का खिलाड़ी 700-800 रन बना रहा हो तो उसका टीम में आना स्वाभाविक है।
Amit Pateria