छत्तीसगढ़ शराब घोटाला: ED ने कांग्रेस नेता रामगोपाल अग्रवाल को गिरफ्तार किया
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने छत्तीसगढ़ के कथित 3400 करोड़ रुपए के शराब घोटाला मामले में प्रदेश कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को गिरफ्तार किया है। इससे पहले आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने उनसे पूछताछ की थी। ED अब आगे की पूछताछ करेगी।
ED हिरासत और अदालत में पेशी
गिरफ्तारी के बाद ED उन्हें अदालत में पेश कर रिमांड मांगने की तैयारी में है। ED के वकील ने रामगोपाल अग्रवाल को ED हिरासत में लेने की पुष्टि की है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अदालत पहुंचकर रामगोपाल अग्रवाल से मुलाकात की।
रामगोपाल अग्रवाल पर आरोप
आरोप है कि शराब घोटाले, कोल लेवी और कस्टम मिलिंग से जुड़े पैसों को ठिकाने लगाने में रामगोपाल अग्रवाल की भूमिका थी।
सरेंडर और रिमांड
रामगोपाल अग्रवाल करीब तीन साल तक फरार रहे। 8 जुलाई को उन्होंने EOW कार्यालय पहुंचकर सरेंडर किया। इसके बाद अदालत ने उन्हें 17 जुलाई तक पुलिस रिमांड पर भेजा। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद उन्हें 5 अगस्त तक EOW की कस्टडी में भेजा गया।
भूपेश बघेल की मुलाकात
25 जुलाई को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल समेत कई वरिष्ठ नेताओं ने रामगोपाल अग्रवाल के जेल भेजे जाने से पहले मुलाकात की थी। 11 अगस्त को दूसरी बार अदालत पहुंचकर भूपेश बघेल ने रामगोपाल अग्रवाल से मुलाकात की।
ED की FIR और जांच
ED ने ACB में FIR दर्ज कराई है। FIR में 2 हजार करोड़ रुपए से अधिक के घोटाले की बात कही गई है। जांच में पाया गया कि तत्कालीन भूपेश सरकार के कार्यकाल में IAS अधिकारी अनिल टुटेजा, आबकारी विभाग के एमडी एपी त्रिपाठी और कारोबारी अनवर ढेबर के सिंडिकेट के जरिए घोटाला हुआ।
डुप्लीकेट होलोग्राम से शराब बिक्री
साल 2019 से 2022 तक सरकारी शराब दुकानों से अवैध शराब डुप्लीकेट होलोग्राम लगाकर बेची गई। इससे शासन को करोड़ों के राजस्व का नुकसान हुआ।
Bhavanesh Soni