सीएम मोहन यादव का बड़ा प्रशासनिक एक्शन: गुना एसपी और सीधी कलेक्टर हटाए गए
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार शाम को एक बड़ा प्रशासनिक एक्शन लिया है। उन्होंने गुना एसपी अंकित सोनी और सीधी कलेक्टर स्वरोचित सोमवंशी को हटाने के निर्देश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मैदानी स्तर पर लगातार शिकायतें मिलने पर अधिकारियों को मैदान में रखने के बजाय उन्हें वल्लभ भवन में बैठाना अधिक बेहतर है।
गुना में हवालाकांड के बाद एसपी पर कार्रवाई
इसी के तहत गुना में सामने आए हवालाकांड के बाद पुलिस अधीक्षक अंकित सोनी को तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है। 1 करोड़ रुपए कैश बरामदगी और कथित 20 लाख रुपए के लेनदेन के मामले में उनकी भूमिका संतोषजनक नहीं पाई गई। इस प्रकरण के सामने आने के बाद सरकार ने सख्त रुख अपनाया था।
गुना पुलिस ने गुजरात के एक जीरा कारोबारी की कार से लगभग 1 करोड़ रुपए कैश पकड़ा था। आरोप है कि 20 लाख रुपए लेकर उसे छोड़ दिया गया था। मामला तब पलटा जब गुजरात के एक आईपीएस अधिकारी का फोन आने के बाद धरनावदा पुलिस ने लिए गए 20 लाख रुपए वापस कर दिए। इस मामले के सामने आते ही डीआईजी अमित सांघी देर रात गुना पहुंचे और जांच शुरू की गई। इसके बाद थाना प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया, जिनमें एएसआई साजिद हुसैन, प्रधान आरक्षक देवेंद्र सिंह सिकरवार और आरक्षक सुंदर रमन शामिल हैं। शुरुआती जांच में इनकी भूमिका संदिग्ध पाई गई थी, जिसके बाद कार्रवाई की आंच एसपी तक पहुंची और उन्हें हटा दिया गया।
सीधी में भी कलेक्टर और बैंक जीएम पर एक्शन
इसके साथ ही, मुख्यमंत्री ने सीधी जिले में भी सख्ती दिखाई है। मिर्जापुर से सीधे सीधी पहुंचे मुख्यमंत्री ने वहां स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात की, जहां उन्हें प्रशासनिक कामकाज को लेकर कई शिकायतें मिलीं। इन लगातार मिल रही शिकायतों के आधार पर प्रशासन की समीक्षा की गई। इसके बाद कलेक्टर स्वरोचित सोमवंशी को भी तत्काल प्रभाव से हटाने के निर्देश दिए गए। सीधी जिला सहकारी बैंक के महाप्रबंधक पीएस धनवाल को भी तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
Amit Pateria