बिहार चुनाव की तैयारी में जुटी बीजेपी, जिलावार बैठकों का हुआ आयोजन

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बिहार चुनाव  की तैयारी में जुटी बीजेपी, जिलावार बैठकों का हुआ आयोजन

बिहार चुनाव की तैयारियों में बीजेपी की जिलावार बैठकें संपन्न

बिहार में विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर प्रदेश बीजेपी कोर कमेटी ने 24 और 25 सितंबर को जिलावार बैठकें आयोजित की। दो दिनों तक चली इन बैठकों में पार्टी ने चुनावी रणनीति की गहन समीक्षा की और उम्मीदवार चयन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने पर जोर दिया। यह बैठक केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मॉडल पर आधारित थी, जिसमें पार्टी के विभिन्न जिलों के नेताओं ने हिस्सा लिया।

15 घंटे की मैराथन समीक्षा

बीजेपी कोर कमेटी ने इन बैठकों में लगभग 15 घंटे तक जिलावार समीक्षा की। बैठक का मुख्य फोकस विधानसभा सीटों की स्थिति, संगठन की तैयारी, और बूथ स्तर पर पार्टी की स्थिति पर था। नेताओं से जमीनी मुद्दों और राज्य सरकार के प्रति जनता की सोच पर भी फीडबैक लिया गया।

जिलावार फीडबैक और उम्मीदवार चयन

बैठक में जिलास्तरीय नेताओं से सुझाव लिए गए कि किस सीट पर पार्टी मजबूत है और किन सीटों पर सहयोगी दल बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। उम्मीदवार चयन प्रक्रिया को पारदर्शी रखने के लिए यह बैठक अहम मानी जा रही है। हर सीट से 4-5 मजबूत दावेदारों के नाम केंद्रीय नेतृत्व को भेजे जाएंगे।

अमित शाह का पारदर्शिता मॉडल

बैठक केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के निर्देश पर आयोजित हुई। शाह ने उम्मीदवार चयन प्रक्रिया को पारदर्शी रखने और मजबूत दावेदारों की पहचान करने का टास्क दिया था। इसके तहत जिलावार बैठकों में नेताओं से विस्तृत चर्चा की गई।

सिटिंग विधायकों की समीक्षा

बैठक में यह भी चर्चा हुई कि लगभग 15 से 18 सिटिंग विधायकों का टिकट कट सकता है। इनमें वे विधायक शामिल हैं, जो पार्टी के लिए वफादार साबित नहीं हुए या जिनकी सक्रियता कम रही। 70 वर्ष से अधिक आयु के विधायकों और कम मार्जिन से जीतने वाले विधायकों पर भी पुनर्विचार किया जा रहा है।

जमीनी मुद्दों और सामाजिक समीकरण

जमीनी मुद्दों की पहचान और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा। पार्टी ने स्पष्ट कर दिया है कि परिवारवाद को बढ़ावा नहीं दिया जाएगा और केवल जीतने की क्षमता वाले उम्मीदवारों को टिकट मिलेगा।

बेहतर स्ट्राइक रेट का लक्ष्य

बीजेपी का लक्ष्य इस बार बेहतर स्ट्राइक रेट हासिल करना है। चर्चा है कि पार्टी लगभग 103 सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी। मौजूदा विधानसभा में बीजेपी के 80 विधायक हैं, और इस प्रदर्शन को बेहतर करना पार्टी की प्राथमिकता है।

अंततः, इन बैठकों से प्राप्त फीडबैक के आधार पर पार्टी अपनी रणनीति तय करेगी और केंद्रीय नेतृत्व को उम्मीदवारों की अंतिम सूची भेजी जाएगी।