ग्वालियर के इलेक्ट्रॉनिक गोदाम में भीषण आग, बड़ा नुकसान
ग्वालियर के आनंद नगर स्थित एक इलेक्ट्रॉनिक गोदाम में गुरुवार देर रात अचानक भीषण आग लग गई। आग लगते ही पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और देखते ही देखते लपटें काफी ऊंचाई तक पहुंच गईं। गोदाम में रखा लाखों रुपए का इलेक्ट्रॉनिक सामान आग की चपेट में आ गया।
रात 11 बजे के आसपास लगी आग, 20 फीट तक उठीं लपटें
जानकारी के अनुसार, गुरुवार रात करीब 11 बजे गोदाम से धुआं और आग की लपटें उठती दिखाई दीं। स्थानीय लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी। जब तक दमकल की टीमें मौके पर पहुंचीं, तब तक आग की लपटें लगभग 20 फीट तक ऊपर उठ चुकी थीं और अंदर रखा टीवी, फ्रिज, वाशिंग मशीन सहित अन्य इलेक्ट्रॉनिक सामान जलने लगा था।
दमकल की कई गाड़ियां मौके पर, जेसीबी से तोड़े गए शटर और दीवार
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू किए। फायर ब्रिगेड अधिकारी अतिबल सिंह यादव ने बताया कि कंट्रोल रूम से सूचना मिलते ही चार दमकल गाड़ियां भेजी गईं और स्थिति को देखते हुए दो अतिरिक्त दमकल भी मौके पर पहुंचाई गईं।
गोदाम के भीतर तेजी से फैलती आग तक पहुंचना मुश्किल हो रहा था, इसलिए शटर और दीवार को क्षतिग्रस्त कर अंदर घुसने के लिए जेसीबी मशीन भी बुलाई गई। जेसीबी से शटर और दीवार तोड़कर दमकल कर्मियों ने भीतर तक पहुंच बनाने की कोशिश की, ताकि अंदर धधक रही आग को बुझाया जा सके। इस दौरान टीम लगातार पानी डालकर आग की लपटों को रोकने में जुटी रही।
संभावित कारण शॉर्ट सर्किट, जनहानि की खबर नहीं
दमकल विभाग के प्रारंभिक अनुमान के अनुसार आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। गोदाम में बड़ी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक सामान होने के कारण आग ने तेजी से भयानक रूप ले लिया। हालांकि राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि होने की सूचना नहीं मिली है।
जांच जारी, नुकसान का आकलन होगा
फिलहाल फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर आग पूरी तरह बुझाने और ठंडा करने का काम कर रही हैं। घटना के बाद संबंधित विभाग और पुलिस द्वारा आग लगने के कारणों की विस्तृत जांच की जाएगी। गोदाम में रखे सामान की सूची और स्थिति का निरीक्षण कर कुल वित्तीय नुकसान का आकलन किया जाएगा।
इस घटना ने एक बार फिर घनी आबादी वाले क्षेत्रों में गोदामों और व्यावसायिक स्थलों पर अग्नि सुरक्षा उपायों की आवश्यकता को उजागर किया है। जांच के बाद प्रशासन की ओर से सुरक्षा मानकों को लेकर आगे की कार्रवाई किए जाने की संभावना है।
Sachin Saxena