ग्वालियर में इस्कॉन ने मनाई राधाष्टमी, रॉक बैंड पर झूमे भक्त

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ग्वालियर में इस्कॉन ने मनाई राधाष्टमी, रॉक बैंड पर झूमे भक्त

ग्वालियर में इस्कॉन ने श्रद्धा के साथ मनाई राधाष्टमी

ग्वालियर के कंपू स्थित महावीर भवन में शनिवार को अंतर्राष्ट्रीय कृष्णभावनामृत संघ (इस्कॉन) द्वारा श्री राधारानी का प्राकट्य दिवस राधाष्टमी श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया गया। इस आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और युवा शामिल हुए। कार्यक्रम में हरिनाम-संकीर्तन, प्रवचन, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, भक्तिमय नाटक और राधा-कृष्ण का महाअभिषेक हुआ।

कार्यक्रम की शुरुआत हरिनाम-संकीर्तन से हुई। इस दौरान पारंपरिक भक्ति के साथ आधुनिक संगीत का संगम भी देखने को मिला। रॉक बैंड की धुन, गिटार और सिंथेसाइजर के साथ हॉल में हरे कृष्ण महामंत्र की गूंज सुनाई दी। भक्तों ने महामंत्र का संकीर्तन करते हुए उत्साह से नृत्य किया।

इसके बाद इस्कॉन के मानसचंद्र दास ने राधाष्टमी की महिमा और श्री राधारानी के स्वरूप पर बताया। उन्होंने कहा कि राधारानी भगवान कृष्ण की ह्लादिनी शक्ति हैं और उनकी कृपा के बिना कृष्ण प्रेम पाना संभव नहीं है। इसके बाद डॉ. संगीता माताजी के सानिध्य में माताजी मंडल ने श्री राधा कृपा कटाक्ष स्तोत्र का सामूहिक पाठ किया। शाम 6:50 बजे बच्चों और युवाओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। इसके बाद एक विशेष भक्तिमय नाटक का मंचन हुआ, जिसमें राधारानी के प्रति समर्पण और भक्ति का महत्व दिखाया गया।

फिर श्री राधा-कृष्ण का महाअभिषेक किया गया। वेदमंत्रों के उच्चारण के बीच दूध, दही, घी, शहद, गंगाजल और विभिन्न फलों के रसों से अभिषेक हुआ। इसके बाद भजन क्लबिंग के दौरान रॉक बैंड की धुनों पर श्रद्धालु झूमते नजर आए। रात 8:30 बजे महाआरती के बाद ठाकुर जी को छप्पन भोग अर्पित किया गया। अंत में श्रद्धालुओं को महाप्रसाद बांटा गया। आयोजकों के अनुसार, गौड़ीय वैष्णव परंपरा में श्री राधारानी को भगवान कृष्ण की आनंद देने वाली शक्ति माना जाता है। भक्त राधारानी की कृपा को कृष्ण भक्ति पाने का महत्वपूर्ण माध्यम मानते हैं।

Satyam Tripathi