मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई , अगले 4 दिन हल्की बारिश का अनुमान

· 1 min read
मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई , अगले 4 दिन हल्की बारिश का अनुमान

मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई और अगले 4 दिन हल्की बारिश का अनुमान

मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई के साथ अगले चार दिनों तक हल्की बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने दशहरे के दिन भी बारिश का अलर्ट जारी किया है। हालांकि, बुधवार को भोपाल में सुबह से धूप खिली रही, लेकिन बारिश के आसार बने हुए हैं। अब तक राज्य के 12 जिलों से मानसून विदा हो चुका है, और 10 अक्टूबर तक पूरे प्रदेश से मानसून लौटने की संभावना है।

सितंबर में बारिश का कोटा पूरा

इस साल सितंबर में सामान्य से अधिक बारिश हुई। औसत 45.2 इंच पानी गिरा, जो सामान्य 37.3 इंच के मुकाबले 7.8 इंच अधिक है। मौसम विभाग ने अक्टूबर महीने में भी बारिश, गर्मी और ठंड का मिश्रित ट्रेंड बने रहने की संभावना जताई है।

ग्वालियर में पारा 39 डिग्री तक पहुंचा

ग्वालियर में दिन का तापमान रिकॉर्ड 39 डिग्री तक पहुंच चुका है। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर में गुलाबी ठंड के साथ हल्की बारिश भी दर्ज की गई है। मंगलवार को भोपाल, ग्वालियर, जबलपुर समेत 10 जिलों में बारिश हुई। बैतूल में डेढ़ इंच पानी गिरा, जबकि बालाघाट, दतिया और ग्वालियर में भी बारिश हुई।

पन्ना में आकाशीय बिजली से मौत

पन्ना जिले में आकाशीय बिजली गिरने से एक चरवाहे की मौत हो गई। रूप सिंह यादव नामक व्यक्ति बारिश से बचने के लिए पेड़ के नीचे छिपा था, लेकिन बिजली गिरने से उसकी जान चली गई।

अक्टूबर में मौसम का बदलाव

मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि अक्टूबर का महीना बदलाव का समय होता है। इस दौरान दिन में गर्मी और रात में ठंड महसूस होती है। उत्तर भारत में वेस्टर्न डिस्टरबेंस के कारण बारिश की संभावना बनी हुई है।

12 जिलों से मानसून विदा

अब तक मध्यप्रदेश के 12 जिलों से मानसून विदा हो चुका है। इनमें ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, आगर-मालवा, नीमच, मंदसौर और रतलाम शामिल हैं। राजगढ़ और अशोकनगर के कुछ हिस्सों से भी मानसून लौट चुका है।

गुना में सबसे ज्यादा बारिश

इस साल गुना में सबसे ज्यादा 65.6 इंच बारिश दर्ज की गई। मंडला और रायसेन में 62 इंच से अधिक बारिश हुई, जबकि शाजापुर, खरगोन, खंडवा, बड़वानी और धार में कम बारिश दर्ज की गई।

इंदौर संभाग में सुधार

इंदौर संभाग में शुरुआत में कम बारिश हुई, लेकिन सितंबर में तेज बारिश के कारण सामान्य कोटा पूरा हो गया। उज्जैन जिले में अभी भी बारिश का कोटा अधूरा है।

अक्टूबर में तापमान और बारिश

भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर और उज्जैन में अक्टूबर के महीने में तापमान और बारिश के रिकॉर्ड्स अलग-अलग रहे हैं। इन शहरों में कभी तापमान अधिकतम 39 डिग्री तक पहुंचा तो कभी न्यूनतम 6 डिग्री तक गिरा।

निष्कर्ष

मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई के साथ ही हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है। दशहरे के दौरान मौसम में बदलाव और बारिश का असर लोगों के त्योहार पर भी पड़ सकता है।