मध्यप्रदेश टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव की बड़ी उपलब्धि

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मध्यप्रदेश टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0 का भव्य आयोजन

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर के ब्रिलिएंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित ‘मध्यप्रदेश टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0’ में हिस्सा लिया। इस आयोजन को विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा आयोजित किया गया था। मुख्यमंत्री ने इसे राज्य के विकास और भविष्य का घोषणा पत्र बताया।

उज्जैन बना इंदौर मेट्रोपॉलिटन का हिस्सा

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि उज्जैन अब इंदौर मेट्रोपॉलिटन का हिस्सा है। उज्जैन, इंदौर, देवास और धार को मिलाकर एक नया मेट्रोपॉलिटन प्लान तैयार किया गया है, जिसमें फिनटेक टेक्नोलॉजी और साइंस सिटी की स्थापना की जाएगी। इसके साथ ही स्पेस टेक्नोलॉजी रिसर्च को प्राचीन ऑब्जर्वेटरी और आधुनिक विज्ञान से जोड़ने की योजना बनाई गई है।

निवेश और रोजगार की बड़ी उपलब्धियां

इस कार्यक्रम में कुल 65 गतिविधियां हुईं, जिनसे राज्य को 15,896 करोड़ रुपए का निवेश प्राप्त हुआ। इससे 64,000 रोजगार के अवसर सृजित होंगे। इसके अतिरिक्त, एमपीएसईडीसी के अंतर्गत नई इकाइयों का उद्घाटन और नई परियोजनाओं का भूमिपूजन हुआ।

अंतरिक्ष नीति और नवाचार

मध्यप्रदेश अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी नीति 2025 का मसौदा भी प्रस्तुत किया गया, जिसका उद्देश्य उज्जैन को भारत के उभरते अंतरिक्ष नवाचार केंद्र के रूप में स्थापित करना है। यह नीति राष्ट्रीय अंतरिक्ष सुधारों के अनुरूप है और निजी भागीदारी को प्रोत्साहित करेगी।

कॉनक्लेव में वैश्विक क्षमता केंद्र, ड्रोन प्रौद्योगिकी और गेमिंग पर विशेष सत्र आयोजित किए गए। इन क्षेत्रों में अनुसंधान, प्रोटो टाइपिंग और उद्योग-अकादमिक सहयोग को बढ़ावा देने की योजना बनाई गई है।

निष्कर्ष

मध्यप्रदेश टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0 ने राज्य के विकास में नई दिशा दी है। इंदौर और अन्य शहरों में तकनीकी नवाचार और निवेश के माध्यम से मध्यप्रदेश को एक प्रगतिशील राज्य के रूप में स्थापित किया जा रहा है।

Arvind Vishwakarma