मणिशंकर अय्यर बोले: राहुल छोड़ें इंडी गठबंधन नेतृत्व, ममता बनें लीडर

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मणिशंकर अय्यर बोले: राहुल छोड़ें इंडी गठबंधन नेतृत्व, ममता बनें लीडर

मणिशंकर अय्यर का बयान: राहुल गांधी इंडी गठबंधन का नेतृत्व छोड़ें, ममता बनर्जी को मिले कमान

कांग्रेस नेता मणिशंकर अय्यर ने रविवार को कोलकाता में एक बयान देते हुए कहा कि राहुल गांधी को INDIA गठबंधन का नेतृत्व छोड़ देना चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि गठबंधन की कमान ममता बनर्जी को मिलनी चाहिए। अय्यर के अनुसार, ममता दीदी के बिना INDIA गठबंधन का 'I', 'N', 'D', 'I', 'A' अधूरा है क्योंकि ममता बनर्जी इस गठबंधन की मुख्य लीडर हैं।

छोटे दलों के नेताओं को मौका देने का सुझाव

अय्यर ने यह भी कहा कि राहुल गांधी को गठबंधन का नेतृत्व करने के बजाय अन्य छोटे दलों के नेताओं जैसे स्टालिन, ममता दीदी, अखिलेश यादव या तेजस्वी यादव को जिम्मेदारी देनी चाहिए।

उमर अब्दुल्ला की प्रतिक्रिया

इस बयान पर जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अय्यर को अपनी राय देने का अधिकार है, लेकिन लीडरशिप का फैसला INDIA ब्लॉक के सभी दल मिलकर चर्चा के बाद करेंगे। अब्दुल्ला ने यह भी स्वीकार किया कि राहुल गांधी ने भारतीय जनता पार्टी और सरकार से लड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ी है।

मणिशंकर अय्यर और ममता बनर्जी का पुराना संबंध

मणिशंकर अय्यर ने पश्चिम बंगाल में कांग्रेस कार्यकर्ताओं से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का समर्थन करने की बात पर अपनी पुरानी पहचान बताई। उन्होंने कहा कि वे खुद तृणमूल कांग्रेस (TMC) में ममता बनर्जी के पहले नेशनल सेक्रेटरी थे। अय्यर ने दिसंबर 1997 के आखिर में पार्टी ज्वाइन की थी, लेकिन तीन हफ्तों के भीतर ही उन्होंने पार्टी छोड़ दी थी, क्योंकि उन्हें लगा कि यह पार्टी बंगालियों की है और वह बंगाली नहीं हैं। हालांकि, इन तीन हफ्तों तक वे ममता बनर्जी के राइट-हैंड मैन रहे जब उन्होंने यह पार्टी बनाई थी।

राहुल गांधी के खिलाफ अय्यर का दूसरा बयान

यह बयान छह दिनों में राहुल गांधी के खिलाफ अय्यर का दूसरा विवादित बयान है। इससे पहले 16 फरवरी को उन्होंने कहा था कि वे गांधियन, नेहरूवियन और राजीवियन हैं, लेकिन ‘राहुलियन’ नहीं हैं, क्योंकि राहुल गांधी उनसे करीब 30 साल छोटे हैं और उन्हें उनके साथ काम करने का मौका नहीं मिला। अय्यर ने तब INDIA ब्लॉक को मजबूत करने के लिए एमके स्टालिन को सबसे सही नेता बताया था, जबकि राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के लिए उपयुक्त बताया था। अय्यर की यह टिप्पणियां कांग्रेस के साथ उनके तनावपूर्ण संबंधों के बीच आई हैं।

Arvind Vishwakarma