मोदी-जिनपिंग की SCO समिट में अहम मुलाकात

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मोदी-जिनपिंग की SCO समिट में अहम मुलाकात

प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति जिनपिंग की SCO समिट में अहम मुलाकात

31 अगस्त को चीन के तियानजिन में होगी बैठक

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग 31 अगस्त को चीन के तियानजिन शहर में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) समिट के दौरान मुलाकात करेंगे। यह बैठक दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को सुधारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखी जा रही है।

गलवान झड़प के बाद दूसरी औपचारिक मुलाकात

2020 में गलवान घाटी में हुए तनाव के बाद मोदी और जिनपिंग की यह दूसरी औपचारिक मुलाकात होगी। इससे पहले, दोनों नेता अक्टूबर 2024 में रूस के कजान में ब्रिक्स समिट के दौरान मिले थे, जहां सीमा विवाद को बातचीत के जरिए सुलझाने पर सहमति बनी थी।

भारत-चीन संबंधों में सुधार की उम्मीद

इस मुलाकात में सीमा विवाद, व्यापार प्रतिबंध, और आपसी सहयोग बढ़ाने जैसे मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर की हालिया चीन यात्रा ने इस बैठक का रोडमैप तैयार किया था, जिसमें कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बात की गई थी।

SCO समिट का महत्व

शंघाई सहयोग संगठन की स्थापना 2001 में हुई थी, जिसका उद्देश्य सदस्य देशों के बीच सुरक्षा, आर्थिक और राजनीतिक सहयोग को बढ़ाना है। इस बार की बैठक में 20 से अधिक देशों के नेता शामिल होंगे। भारत और चीन के अलावा रूस, कजाकिस्तान, ताजिकिस्तान, और ईरान जैसे सदस्य इसमें भाग लेंगे।

प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा भारत-चीन संबंधों को नए स्तर पर ले जाने और क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है। SCO समिट से द्विपक्षीय और बहुपक्षीय सहयोग को मजबूत करने की उम्मीद है।