भीलवाड़ा में टी राजा सिंह का बयान: संघ का समर्थन और लव जिहाद पर कड़ा रुख
राजस्थान के भीलवाड़ा में तेलंगाना के गोशामहल विधायक टी राजा सिंह ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) का समर्थन करते हुए कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि अगर संघ के कार्यकर्ता अंग्रेजों से न लड़े होते, तो आज कांग्रेसियों को अंग्रेजों के घर बर्तन साफ करने पड़ते।
संघ से नफरत नहीं, दोस्ती करें
टी राजा सिंह ने दुर्गा शक्ति अखाड़ा कार्यक्रम में कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ देश और समाज की रक्षा के लिए कार्य करता है, न कि नफरत फैलाने के लिए। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को सलाह दी कि वे संघ से नफरत करने के बजाय उसकी विचारधारा को समझें और उससे दोस्ती करें।
बेटियों को हथियार उठाने की जरूरत
उन्होंने बेटियों को मां दुर्गा, काली और झांसी की रानी की तरह साहसी बनने की अपील की। टी राजा सिंह ने कहा कि बेटियों को आत्मरक्षा के लिए हथियार चलाने की शिक्षा लेनी चाहिए। उन्होंने कहा, "आने वाला समय युद्ध का है, केवल हथियार खरीदने से कुछ नहीं होगा, उन्हें चलाना सीखना भी जरूरी है।"
राजस्थान में लव जिहाद के खिलाफ सख्ती की मांग
लव जिहाद के मुद्दे पर बोलते हुए विधायक ने कहा कि राजस्थान वीरों की भूमि है और यहां बेटियों की सुरक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि बहन-बेटियों को हथियार उठाकर विधर्मियों का मुकाबला करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि अगर लव जिहाद के खिलाफ कानून पास होता है, तो उसे सख्ती से लागू करना चाहिए। टी राजा सिंह ने आरोप लगाया कि लव जिहाद और धर्मांतरण की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं और इन्हें रोकने के लिए कड़ी कार्रवाई की आवश्यकता है।
राष्ट्रीय स्तर पर लव जिहाद का मुद्दा
टी राजा सिंह ने कहा कि लव जिहाद का षड्यंत्र केवल भीलवाड़ा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे राजस्थान और देश में फैल रहा है। उन्होंने मांग की कि इन जिहादियों को उनकी भाषा में जवाब देना होगा, तभी इस समस्या का समाधान हो सकता है।
राजस्थान यूनिवर्सिटी में RSS कार्यक्रम पर विवाद
इस बीच, राजस्थान यूनिवर्सिटी में RSS के एक कार्यक्रम का विरोध हुआ। यहां NSUI कार्यकर्ताओं ने हंगामा करते हुए स्टेज पर तोड़फोड़ की। पुलिस ने 12 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया।
टी राजा सिंह ने अपने बयान में RSS के कार्यों की सराहना की और समाज को संघ के साथ जुड़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि संघ का उद्देश्य नफरत फैलाना नहीं, बल्कि देश और समाज की रक्षा करना है।