मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई और गुलाबी ठंड का असर
मध्यप्रदेश में मानसून धीरे-धीरे विदा ले रहा है, लेकिन इसके साथ ही ठंड का असर भी महसूस किया जा रहा है। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के पहाड़ों में हुई बर्फबारी के चलते ठंडी हवाएं राज्य में प्रवेश कर रही हैं, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई है।
ठंडी हवाओं ने बदला मौसम का मिजाज
गुरुवार-शुक्रवार की रात राज्य के 22 शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। राजगढ़ सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां तापमान 14.6 डिग्री तक गिर गया। इंदौर में 15.5 डिग्री, भोपाल में 18 डिग्री और उज्जैन में 18.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।
मानसून की विदाई का दौर जारी
शुक्रवार को भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और उज्जैन समेत 35 से अधिक जिलों से मानसून विदा हो चुका है। हालांकि, सिंगरौली, सीधी, शहडोल और जबलपुर जैसे जिलों में अगले कुछ दिनों में मानसून पूरी तरह विदा होने की संभावना है।
बारिश का दौर अभी जारी
मानसून के बावजूद राज्य के बालाघाट, उमरिया, मंडला और सिवनी जैसे जिलों में शुक्रवार को हल्की बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने पूर्वी हिस्से के कुछ जिलों में अगले तीन दिनों तक बूंदाबांदी का अनुमान जताया है।
इस बार का मानसूनी सीजन
इस मानसूनी सीजन में ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग में भारी बारिश दर्ज की गई, जबकि शाजापुर और खरगोन जैसे जिलों में सबसे कम बारिश हुई। इंदौर संभाग में शुरुआत में कम बारिश हुई थी, लेकिन सितंबर में हुई भारी बारिश ने इस कमी को पूरा कर दिया।
अक्टूबर में तापमान के रुझान
भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और जबलपुर जैसे प्रमुख शहरों में अक्टूबर के महीने में तापमान आमतौर पर दिन में 35 डिग्री और रात में 14 से 20 डिग्री के बीच रहता है। पिछले वर्षों में भी इस महीने में बारिश और तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
अगले कुछ दिनों का पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार, राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम साफ रहेगा। हालांकि, पूर्वी हिस्से में हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है। ठंडी हवाओं के प्रभाव से तापमान में और गिरावट आने की संभावना है।
निष्कर्ष
मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई के साथ गुलाबी ठंड का आगाज हो चुका है। ठंडी हवाओं और बदलते मौसम ने लोगों को सर्दियों का एहसास दिलाना शुरू कर दिया है।