मध्यप्रदेश में ठंड की दस्तक, पहाड़ों की बर्फबारी का असर
मध्यप्रदेश से मानसून पूरी तरह विदा नहीं हुआ है, लेकिन ठंड का असर शुरू हो गया है। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के पहाड़ों में हुई बर्फबारी ने यहां के मौसम को प्रभावित किया है। उत्तरी ठंडी हवाओं के चलते कई शहरों का तापमान 20 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया है। इंदौर, उज्जैन, भोपाल और ग्वालियर जैसे शहरों में तापमान 15-18 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। सबसे ठंडा शहर राजगढ़ रहा, जहां तापमान 14.6 डिग्री दर्ज किया गया।
मानसून की विदाई और बारिश का अनुमान
शुक्रवार को भोपाल, इंदौर, धार और अन्य 30 से ज्यादा जिलों से मानसून ने विदा ले लिया। हालांकि, पूर्वी हिस्सों के जिलों जैसे सिंगरौली, सीधी और शहडोल में अगले दो दिनों तक बूंदाबांदी होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, 14 अक्टूबर को हल्की बारिश हो सकती है।
बारिश के आंकड़े और ठंड का बढ़ता असर
गुना जिले में इस साल सबसे ज्यादा 65.6 इंच बारिश दर्ज की गई, जबकि शाजापुर और खरगोन जैसे जिलों में सबसे कम बारिश हुई। मानसून के अंतिम दौर में इंदौर और उज्जैन संभाग में स्थिति सुधरी, लेकिन उज्जैन में अभी भी सामान्य बारिश का कोटा पूरा नहीं हुआ है।
अक्टूबर के पहले पखवाड़े में ठंड का असर स्पष्ट हो रहा है। भोपाल, इंदौर और ग्वालियर जैसे शहरों में दिन के तापमान में गिरावट देखी जा रही है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में ठंड में और इजाफा होने की संभावना जताई है।
मध्यप्रदेश के नागरिकों को अब गुलाबी ठंड का अनुभव होने लगा है, और आने वाले हफ्तों में तापमान में और गिरावट की उम्मीद है।