खजुराहो नृत्य महोत्सव में मंत्री के भाषण पर पर्यटकों की हूटिंग, लगे 'गो बैक' के नारे

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खजुराहो नृत्य महोत्सव में मंत्री के भाषण पर पर्यटकों की हूटिंग, लगे 'गो बैक' के नारे

खजुराहो नृत्य महोत्सव में मंत्री के भाषण पर पर्यटकों की हूटिंग

विश्व प्रसिद्ध खजुराहो नृत्य महोत्सव शुक्रवार से शुरू हो गया है। हालांकि, पहले ही दिन उद्घाटन समारोह में एक अप्रत्याशित स्थिति उत्पन्न हो गई, जब संस्कृति मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी के भाषण के दौरान दर्शकों ने 'गो बैक' के नारे लगाए और हूटिंग की।

आयोजन में देरी और लंबे भाषणों से दर्शकों में रोष

समारोह का समय शाम 6:30 बजे निर्धारित था, लेकिन मुख्य अतिथि और अन्य मंत्रियों के देर से पहुंचने के कारण यह लगभग दो घंटे की देरी से शुरू हुआ। दर्शक दीर्घा में बैठे देशी और विदेशी पर्यटक लंबे समय से इंतजार कर रहे थे, जिससे उनका धैर्य जवाब दे गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने करीब 16 मिनट तक अपना संबोधन दिया, जिसके बाद सांसद विष्णु दत्त शर्मा ने भी 3 मिनट तक अपनी बात रखी।

संस्कृति मंत्री के भाषण पर जोरदार हूटिंग

जब संस्कृति मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने भाषण देना शुरू किया, तो दर्शक बुरी तरह भड़क गए। पर्यटकों को नृत्य प्रदर्शन का इंतजार था, लेकिन नेताओं के लंबे भाषणों ने उनका सब्र तोड़ दिया। देखते ही देखते सामने बैठी भीड़ 'गो बैक' के नारे लगाने लगी और चारों तरफ से 'हो-हो' का शोर सुनाई देने लगा। हैरानी की बात यह रही कि इतनी भारी हूटिंग के बावजूद मंत्री जी करीब 6 मिनट तक अपना भाषण देते रहे। अंत में, जब शोर और बढ़ा, तो वे चार पंक्तियां सुनाने की जिद पर अड़े रहे। उन्होंने मंच से यह स्वीकार किया कि लोग कार्यक्रम देखने के लिए उत्सुक हैं, लेकिन फिर भी अपनी कविता सुनाए और जयकारे लगवाए बगैर वे मंच से नीचे नहीं उतरे।

विदेशी पर्यटकों ने व्यक्त की निराशा

इस पूरे घटनाक्रम पर वहां मौजूद विदेशी पर्यटकों ने अपनी नाराजगी जाहिर की। इटली के फ्लोरेंस से आए एलेसांद्रो ने कहा कि वे इटली में माहौल को महसूस करने और नृत्य देखने के आदी हैं, न कि लंबे भाषण सुनने के। उन्होंने कहा, "हम अनुभव को जीना चाहते थे।" उनकी साथी जूलिया ने भी कहा कि यह जगह और माहौल बेहद शानदार है, लेकिन मंत्री जी ने शायद कुछ ज्यादा ही बातें कर दीं और वे वास्तव में केवल नृत्य देखना चाहते थे। यह महोत्सव 26 फरवरी तक चलेगा।

Arvind Vishwakarma