मध्य प्रदेश में LPG सिलेंडर को लेकर 'पैनिक' का माहौल, पेट्रोल-डीजल की स्थिति सामान्य
मध्य प्रदेश में रसोई गैस (LPG) सिलेंडर को लेकर 'पैनिक' जैसा माहौल बना हुआ है, जबकि पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति पर्याप्त है। राज्य के कई शहरों में सिलेंडर की बुकिंग में अचानक वृद्धि देखी गई है, खासकर भोपाल में जहां बुकिंग दो से तीन गुना तक बढ़ गई है।
LPG सिलेंडर की बुकिंग में भारी उछाल और आपूर्ति में कमी
भोपाल में पिछले दो दिनों में 28,000 से 30,000 तक सिलेंडर बुक किए गए हैं, लेकिन आपूर्ति केवल 22,000 तक ही हो पाई है। इसके परिणामस्वरूप, पेंडिंग बुकिंग का आंकड़ा 40,000 तक पहुंच गया है। घरों में सिलेंडर की डिलीवरी में भी 4 से 5 दिनों का समय लग रहा है। फूड कंट्रोलर चंद्रभान सिंह जादौन ने बताया कि भोपाल में रसोई गैस को लेकर कोई वास्तविक दिक्कत नहीं है, लेकिन पिछले 2-3 दिनों में बुकिंग दोगुनी हो गई है। प्रतिदिन लगभग 11,000 सिलेंडरों की आपूर्ति के मुकाबले, हर दिन 3,000 तक बुकिंग लंबित चल रही है। हालांकि, एजेंसियों के पास 5 से 6 दिनों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और भौंरी स्थित ऑयल डिपो से सिलेंडरों की आपूर्ति जारी है।
पेट्रोल-डीजल की स्थिति में सुधार, अफवाहों से बढ़ी खपत
मध्य प्रदेश पेट्रोल पंप ओनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अजय सिंह ने बताया कि भोपाल में पिछले दो-तीन दिनों से कुछ पंपों पर ईंधन की कमी देखी जा रही थी। यह कमी स्टॉक की वजह से नहीं, बल्कि कंपनियों को अग्रिम भुगतान न करने के कारण थी। अब कंपनियां क्रेडिट पर ईंधन उपलब्ध करा रही हैं, जिससे पंपों पर पर्याप्त मात्रा में आपूर्ति हो रही है। शनिवार को किसी भी पंप के सूखे होने की कोई खबर नहीं आई और भोपाल के सभी 192 पंपों पर पर्याप्त ईंधन मौजूद रहा। उन्होंने यह भी बताया कि अफवाहों के चलते ईंधन की खपत में तेजी आई है, जिसमें लगभग 25% की वृद्धि दर्ज की गई है। लोग अपनी जरूरत से ज्यादा ईंधन भरवा रहे हैं, जिससे दबाव बढ़ रहा है। सामान्य दिनों में पेट्रोल की दैनिक खपत 9 लाख लीटर होती है, जो बढ़कर 15 से 20 लाख लीटर तक पहुंच गई है।
Gulzar Ahmad